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Sad Urdu poetry For free in Hindi

Sad Urdu poetry in Hindi For free

परख से है शख्सियत मेरी

 मैं उन्हीं के लिए हूं जो समझे कदर मेरी ...

शायरी उन्ही के लफ्जों पर जचती है

जिनकी आंखों में इश्क रोता हो।


थोड़ा कुछ इस अदा से ताल्लुक उसने

गालिब के सारी उम्र हम अपनी गलती ढूंढते रहे।


कुछ यूं ही चलेगा तेरा मेरा रिश्ता उम्र भर

मिल गए तो बातें लंबी

और ना मिले तो यादें लंबी ..


आई तेरी आवाज कहीं से

आप भी जाओ तुम आज कहीं से।


मुझे मालूम है कि तुम खुश हो हमारी जुदाई से

ख्याल रखना अपना कहीं तुम्हें तुम्हारे जैसा ना मिल जाए


पता नहीं ऐसा क्यों होता है की,

जो प्यार की कदर नहीं करता उसे पाने के लिए

लोग बहुत रोते हैं

और जो प्यार की कदर करता है उसे लोग बहुत रुलाते हैं।


आसान नहीं है हमसे यूं शायरी में जीत पाना,

हम एक लब्ज मोहब्बत में हार के लिखते हैं 


अब तो रास्ते भी भूल चुके हैं हमारे नाम के अक्सर पहचान पूछ लेते हैं,

अब तो लफ्ज़ भी नहीं है मिलते रास्तों के कुछ नफ्जे भी पीरो दूं,

तुम गए और तुम्हारे जाने का असर यह हुआ कि ना दिनों का पता चला और ना सालो का।


बुझ गया फिर भी तो क्या अपने दिल के लिए

अब ना रोएंगे हम रोशनी के लिए

दिल का शीशा टूटा तो गम क्यों करें 

दर्द काफी है बस जिंदगी जीने के लिए।


किसी ने थोड़ा सा वक्त दिया था मुझे

मैंने उससे आज अभी तक संभाल कर रखा है।


जिंदगी में प्यार क्या होता है वह उस शख्स से पूछो 

जिसने दिल टूटने के बाद भी इंतजार किया हो।


वक्त के साथ सब कुछ बदल जाता है रिश्ते, लोग और एहसास और इसके साथ कभी कभी हमें भी बदलना पड़ता है


यह रातें मेरे कानों में बस इतना कह गई,

यार तेरी मोहब्बत अधूरी रह गई।



ए दिल तू इतना क्यों रोता है,

यह दुनिया है मेरे दोस्त, 

यहां ऐसा ही होता है।


बस एक रूह बची है ले जा सकते हो तो ले जाओ,

बाकी सब तो बाजार ए इश्क में,

हम हार आए हैं ।


कांच की तरह होते हैं गरीबों के दिल फराज ,

कभी टूट जाते हैं तो कभी तोड़ दिए जाते हैं इनके लिए कभी इजाजत नहीं ली जाती।


वह सजदा ही क्या जिसमें सर उठाने का होश रहे

इजाजत ए इश्क का मजा तब है

जब मैं खामोश रहूं और तब तू बेचैन रहे।


सुलह कर लो अपने आप से क्योंकि वह भी एक रिश्ता है जो कभी दिखता नहीं खुले बाजारों में।


जो देख रहे थे तमाशा मेरे डूब के मरने का,

आज वह मेरी तलाश में निकले हैं कश्तियां लेकर।


किसी पर मर जाने से शुरू होती है मोहब्बत,

इश्क जिंदा लोगों का काम नहीं।


इजाजत हो या ना हो इश्क तो तुम ही से रहेगा।

तुम्हें भुलने में कुछ वक्त लगेगा,

वह वक्त मेरी पूरी जिंदगी है।


अगर नियत अच्छी हो तो कभी नसीब बुरा नहीं होता,

और सच्चा प्यार हर किसी से नहीं होता।

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